मोदी सरकार की ‘वेदर डिप्लोमेसी’, ‘IMD’ ने पीओके सहित गिलगित- बाल्टिस्तान के लिए भी जारी किया मौसम पूर्वानुमान

नई दिल्ली। कूटनीति और अंतरराष्ट्रीय मामलों में संकेत और हावभावों का बड़ा महत्व है। भारत ने एक बार फिर पाक अधिकृत कश्मीर और गिलगित-बाल्टिस्तान के लिए भी वेदर बुलेटिन जारी कर पाकिस्तान में खलबली मचा दी है। पहले आकाशवाणी द्वारा बलूची सेवा का शुरू किया जाना और अब ‘भारतीय मौसम विभाग’ द्वारा पीओके के लिए भी वेदर बुलेटिन का जारी किया जाना दिखाता है कि भारत ना सिर्फ कहता है बल्कि करता भी है।

भारतीय मौसम विभाग के प्रादेशिक मौसम विज्ञान केंद्र ने पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर के क्षेत्रों को भी अब अपने मौसम पूर्वानुमानों में आधिकारिक तौर पर शामिल कर लिया है। मौसम विभाग से जुड़े अधिकारियों ने इस आशय की जानकारी दी। उत्तर-पश्चिम प्रादेशिक मौसम विज्ञान केंद्र के प्रमुख कुलदीप श्रीवास्तव ने बताया कि भारतीय मौसम विभाग ने गिलगिट-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद के लिए भी पूर्वानुमान जारी करना प्रारंभ किया है जो अभी पाकिस्तान के कब्जे वाला इलाका है। इस संबंध में पूर्वानुमान जम्मू कश्मीर मौसम विज्ञान उप मंडल के तहत 5 मई से जारी किए जाने की शुरुआत की है।

वहीं, आईएमडी के महानिदेशक एम महापात्र ने कहा कि “वे पिछले वर्ष अगस्त में जम्मू कश्मीर के दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजन के बाद पीओके के तहत इन क्षेत्रों के लिये दैनिक बुलेटिन में उल्लेख करते रहे हैं।” अधिकारियों ने कहा कि अब वे इसका उल्लेख विशिष्ट तौर पर जम्मू कश्मीर उप मंडल के तहत कर रहे हैं।

पाक के कब्जे वाले कश्मीर स्थित इन शहरों का जिक्र अब उत्तर पश्चिम डिवीजन के सम्पूर्ण पूर्वानुमान में हो रहा है। उत्तर पश्चिम डिवीजन के तहत नौ उप मंडल आते हैं जिसमें जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली-चंडीगढ़-हरियाणा, पंजाब, पूर्वी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पूर्वी राजस्थान और पश्चिमी राजस्थान शामिल हैं।

इस घटनाक्रम का महत्व ऐसे समय में काफी बढ़ जाता है जब भारत ने हाल ही एक बार फिर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि पीओके भारत का हिस्सा है और पाकिस्तान पीओके सहित पूरे गिलगित-बाल्टिस्तान को खाली करे जिसे वह 1947 से ही कब्जाए हुए है। मालूम हो कि जब भी पीओके का जिक्र भारत की तरफ से किया जाता है तो इसमें गिलगिट-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद शामिल हो जाता है। इन शहरों के लिए मौसम पूर्वानुमान जारी करना तब शुरू किया गया है जब कुछ ही दिन पहले पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने गिलगिट बाल्टिस्तान में चुनाव की अनुमति दी थी जिसपर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी। भारत की कोशिश है कैसे भी पाकिस्तान पर दवाब बना कर रखा जायर ताकि वह अपनी उलूल जुलूल हरकतों से बाज़ आ जाए।

सूत्रों ने बताया, चूंकि पीओके के तहत इन शहरों के लिए दैनिक राष्ट्रीय मौसम बुलेटिन और पूर्वानुमान व्यक्त किया जाता है, तो इसका उल्लेख प्रादेशिक मौसम विज्ञान केंद्र में भी किए जाने की बात और मांग बहुत पहले से की जा रही थी।

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s